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  • Writer's pictureCurious Observer

शबाब

 
 
कई लाख पन्नों को जलते देखा है मैंने, हर एक पन्ना उस किताब का था। जिस किताब के खून से शबाब रंग गई, आखिरी बूँद तक मज़ा सिर्फ शबाब का था।

— Curious Observer

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